12वीं के बाद टॉप 5 डिप्लोमा कोर्सेज

डिप्लोमा कोर्स की बड़ती हुई लोकप्रियता आसान एडमिशन, कम फीस और जॉब  करने की सहूलियत स्टूडेंट्स को आकर्काषित करती है | कई बार स्टूडेंट्स का व्यक्तिगत और आर्थिक कारणों की वजह से जल्दी से जल्दी 12वीं या 10वीं के बाद जॉब करना पसंद करते हैं एसे में कोर्स का चयन अत्यंत्र मह्तुव्पूर्ण कार्य होता हैं क्योकि कोर्स का चयन ही छात्रों को प्रगति की ओर ले जाता है | जिस कोर्स में आपको रूचि हो वही कोर्स का चयन करें ताकि ज्यादा एनर्जी और लगन से कोर्स पूरा कर सके |

12वीं के बाद टॉप 5 डिप्लोमा कोर्सेज

डिप्लोमा इन सिविल इंजीनियरिंग (Diploma in Civil Engineering)

डिप्लोमा इन सिविल इंजीनियरिंग एक बहुत ही पुरानी इंजीनियरिंग कोर्स  में से एक है | यह कोर्स वही कर सकता है जो फिजिकली तौर पर स्ट्रोंग है | इस कोर्स को करने के बाद करियर ग्रोथ और जॉब ओप्पेरतुनिटी बहुत है |

यह कोर्स बिल्डिंग डिजाइनिंग ,औद्योगिक संयंत्र भवनों, ट्रांसमिशन टावरों / रेखाओं, जल कार्य, नदी निर्माण , हवाई अड्डे के रनवे, गगनचुंबी इमारतों, बिजली संयंत्रों, सिंचाई वाली नहरों, यातायात नियंत्रण ढांचे, बांधों,  पुलों, रेल सड़कों के डिजाइन सामग्री प्लानिंग एंड मेंटेनेंस के लिए किये जाते है. ये सभी चीजे Civil Engineer की देखरेख मे निर्माण की जाती है.

Duration: 3 Years

योग्यता:      10th/12th with a minimum of 50% marks

कोर्स फीस: 10,000 – 2 Lacs

वेतन: INR 3 to 20 lacs per annum

Job Profile: After Civil Engineering Course

Project Manager

Senior Engineer

Supervisory Engineer

Assistant Manager

Assistant Field Inspector

Construction Site Assistant Supervisor

Assist. Faculty Member

Executive Engineer

Project Engineer Co-ordinator

Quality Control Engineer

Chief Engineer

Division Head

डिप्लोमा इन मेडिकल लैब टेक्नोलॉजी (Diploma in Medical Lab Technology)

डिप्लोमा इन मेडिकल लैब टेक्नोलॉजी: मेडिकल फील्ड मे भी स्कोप की कमी नहीं रह गयी है | क्योंकि इनमें भी कई संभावनाएं हैं आमतौर पर यह कोर्स 12वीं के बाद की जाती है | इस कोर्स में प्रवेश लेने के लिए 12वीं  मे बायोलॉजी की सब्जेक्ट होना जरुरी होता है |

इस फील्ड मे जॉब तो बीएससी या डिप्लोमा करने के बाद ही किया जा सकता है | इस कोर्स को पूरा करने के बाद आपको काम कुछ इस तरह से मिल सकता है | जैसे की नमूना तैयार करना, जाँच मशीन को ऑपरेट करना, खून जाँच करना, केमिकल एनालिसिस और भी कई तरह के जाँच |

Duration: 2 Years

योग्यता:      12th with minimum of 50% marks

कोर्स फीस: 20,000 – Lac

वेतन: INR 3 to 5 lacs per annum

Job Profile: आफ्टर मेडिकल लैब टेक्नोलॉजी

माइक्रोबायोलॉजी

हेमाटोलॉजी

ब्लड बैंकिंग

इम्यूनोलॉजी

क्लिनिकिल केमिस्ट्री

मोलीक्यूलर बायोलॉजी

साइटोटेक्नोलॉजी

डिप्लोमा इन रेडियोलॉजिकल टेक्नोलॉजी (Diploma in Radiological Technology)

यह  डिप्लोमा इन रेडियोलॉजिकल टेक्नोलॉजी कोर्स 2 साल का कोर्स  होता है | इनमें  कई तरह के radio diagnostic technology, medical imaging और रेडियो ग्राफिक इक्विपमेंट सिखाया जाता है | इस कोर्स को करने के बाद आपको अच्छी सैलरी मिल सकती है |

Duration: 2 Years

योग्यता:      12th with minimum of 50% marks

कोर्स फीस: 20,000 – Lac

वेतन: INR 3 to 5 lacs per annum

Job Profile: After Diploma in Radiological Technology

Assistant Professor

Clinical Pathologist

Consultant Radiologist

Radiographer

Radiologist

Radiology Technician

डिप्लोमा इन इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (Diploma in Electrical Engineering)

डिप्लोमा इन इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग यह एक इंजीनियरिंग कोर्स है इसमें इलेक्ट्रिसिटी की technology के बारे में सीखाया जाता है | जिसमें आपको इलेक्ट्रिसिटी कंपोनेंट्स और सिस्टम का अध्यन, इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट्स को डिज़ाइन करना, विकसित करना और टेस्ट करने के लिये प्रैक्टिकल ट्रेनिंग शामिल है |

इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की जरुरत आज घर से लेकर स्पेस तक है | और इसकी रोजगार के संभावनाए भी बड़ी है |

Duration:  3 Years

योग्यता:      12th with minimum of 50% marks

कोर्स फीस: 100,000 – 2 Lacs

वेतन: INR 3 to 5 lacs per annum

Job Career:  After Diploma in Electrical Engineering

Telecoms

Railway

Aerospace

Automotive

Electronics

Power Generation

Oil And Gas

Marine

Materials And Metals

Construction

डिप्लोमा इन मैकेनिकल इंजीनियरिंग (Diploma in Mechanical Engineering)

डिप्लोमा इन मैकेनिकल इंजीनियरिंग एक इंजीनियरिंग कोर्स है | जिसमें मशीन फ्रेमवर्क का जांच करना , निर्माण करना, अध्यन करना इनमें आपको मशीन की पूरी जानकारी मिलती है | मैकेनिकल इंजीनियरिंग आपके रोजाना जिन्दिगी में शामिल है जैसे कंप्यूटर्स, ऑटोमोबाइल्स, स्पोर्ट्स इक्विपमेंट, माइक्रो-सेन्सर्स, मेडिकल डिवाइसेज, रोबोट्स और कई अन्य वस्तुएं | ये सभी चीजे मैकेनिकल इंजिनियर ही डिजाईन एंड development करते है |

यह 3 साल का कोर्स होता है जिस के लिए मिनिमम 10+2 पास विज्ञान के साथ अनिवार्य है |

Duration:  3 Years

योग्यता:      12th with minimum of 50% marks

कोर्स फीस: 100,000 – 2 Lacs

वेतन: INR 3 to 5 lacs per annum

Job Profile: After Diploma in Mechanical Engineering

Mechanical Engineer

Sales Engineer

Maintenance Engineer

Assist. Manager

Process Development Technologist

Section Head

Technician

Assistance Professor

Manufacturing Manager

Deepak Kumar

दीपक कुमार After12th.net के लेखक और संस्थापक हैं। वह छात्रों को उनकी धारा तय करने और उद्योग में पाठ्यक्रमों के बारे में जानकारी प्रदान करने में मदद करता है। वह उन्हें नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में मदद करता है। उनका उद्देश्य देश में अधिकतम छात्रों के लिए वैध और उपयोगी जानकारी साझा करना है।

Leave a Reply